रोज़-रोज़ की गालियों से मैं बहुत थक गया हूँ,,,,पत्र में यह लिखने के बाद SBI की हाउसिंग लोन शाखा के वरिष्ठ लिपिक हो गए लापता

आगरा : छीपीटोला स्थित भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की हाउसिंग लोन शाखा के वरिष्ठ लिपिक के पत्र ने सनसनी फैला दी है। इस पत्र में उन्होंने अपने दर्द को बयां किया है। “मैं यह पत्र भारी मन से और पूरी तरह सोच-विचार कर लिख रहा हूँ। अब मैं और गालियाँ और अपशब्द नहीं सुन सकता। रोज़-रोज़ की गालियों से मैं बहुत थक गया हूँ… पत्र में यह लिखने के बाद, छीपीटोला स्थित भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की हाउसिंग लोन शाखा के 40 वर्षीय वरिष्ठ लिपिक सुरेंद्र पाल सिंह लापता हो गए हैं।

परिवार का आरोप है कि तीन थानों की पुलिस ने शिकायत नहीं ली। उन्होंने एक्स पर भी पोस्ट किया है। अब वे उनके साथ किसी अनहोनी की आशंका जता रहे हैं। सुरेंद्र पाल सिंह, देवरी रोड स्थित सैमरी गाँव के निवासी हैं। उनके छोटे भाई मनोज पाल सिंह भी गुजरात में बैंक में तैनात हैं। उन्होंने बताया कि उनके भाई का 3 महीने पहले मुख्य शाखा से लोन शाखा (RACPC) में तबादला हो गया है। रीढ़ की हड्डी में तकलीफ़ के कारण, सुरेंद्र पाल कमर में बेल्ट बाँधकर ऑफिस जाते थे। वह दवाइयाँ भी साथ ले जाते थे।

मनोज पाल ने आरोप लगाया कि एक बैंक अधिकारी उनके बड़े भाई को परेशान करता था। वह बेल्ट बाँधने के बहाने बनाता था। दवाइयाँ लेने पर डाँटता भी था। उसे लगता था कि उसके भाई की बीमारी एक नाटक है। वह कहता था कि वह सहानुभूति बटोरने के लिए बेल्ट बाँधकर आता है। वह दवाइयाँ लेने के बहाने काम से बचने का आरोप लगाता था। लोगों के सामने उसे बेइज़्ज़त करता था।

इससे उसका भाई परेशान था। वह 18 अगस्त को बैंक आया था। उसके बाद भी उसके साथ बदसलूकी की गई। इस पर सुरेंद्र पाल सुबह 11:50 बजे बैंक से निकल गया। शाम करीब 5:30 बजे उसने अपने भतीजे सचिन को फ़ोन किया। सचिन ने उसे देवरी रोड बुलाया और अपनी बाइक दी। उसने एक लिफ़ाफ़े में चिट्ठियाँ दीं। इसके बाद वह दवाइयाँ लेने की बात कहकर चला गया। तब से वह घर नहीं लौटा है। उसका मोबाइल भी बंद है।

भाई मनोज पाल ने बताया कि जब उन्होंने भाई द्वारा दिया गया लिफाफा खोला तो उसमें दो पेज का एक नोट मिला। जिसमें लिखा था कि बैंक अधिकारी उन्हें परेशान कर रहा है। किसी अनहोनी की आशंका के चलते वह ताजगंज थाने में शिकायत दर्ज कराने गए। एक सब-इंस्पेक्टर ने इसकी जांच की। उन्होंने बताया कि बैंक रकाबगंज थाना क्षेत्र में आता है। इसलिए वहीं चले जाएं। वह रकाबगंज थाने गए। लेकिन पुलिस ने बताया कि वह मधु नगर से लापता हैं। इस पर वह सदर भी गए।

बाद में सदर पुलिस ने उन्हें रकाबगंज थाने भेज दिया। तब थाना प्रभारी ने गुमशुदगी की रिपोर्ट से किसी के परेशान करने का जिक्र हटाकर लिखित शिकायत देने को कहा। लेकिन वह लिखित नोट के आधार पर नाम लिख रहे हैं। पुलिस कार्रवाई न होने से वह परेशान हैं। डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने बताया कि परिजनों की शिकायत के आधार पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी। जो भी आरोप लगाए जाएंगे, उनके संबंध में साक्ष्य जुटाए जाएंगे। लापता कर्मचारी की तलाश के लिए टीम लगाई जाएगी।

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